Monday, April 20, 2026

हैं रंगीन सभी


हैं रंगीन सभी, कोई रंगहीन नहीं

नवजात शिशु होता गमगीन नहीं


भूख-प्यास लगे शिशु रोता है

किंतु होता वो गमगीन नहीं 


ये प्यार-वफा, शिकवा-शिकवे

हैं बेबुनियाद, कोई जमीन नहीं 


अभ्यास करो, अरदास नहीं

अरदास से चलती मशीन नहीं


हो पेरिस, लंदन, या सैलाना

कौन सी जगह जो हसीन नहीं


राहुल उपाध्याय । 20 अप्रैल 2026 । सिएटल 











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