Monday, April 27, 2026

मैं आया इधर से, वो गए उधर से

मैं आया इधर से, वो गए उधर से 

मिलना भी चाहते तो कैसे मिलते? 


तन्हा-तन्हा कहाँ रहता है कोई

पूर्वाग्रह भी तो साथ रहते हैं सबके


लम्हों की कीमत न समझा ये दिल 

सदा सेफ़ खेला कल के डर से 


न गाड़ी की, न आए वो पैदल

घर पर रहे, न निकले वो घर से


न पूछा, न पोंछे, आंसू के धारे 

नैन बिचारे बरसे तो बरसे 


राहुल उपाध्याय । 27 अप्रैल 2026 । सिएटल 

विग

वह विग लगाता है

यह मुझे पता नहीं था

उसके मित्रों ने मुझे बताया है


हमारी ख़ामियाँ-ख़ूबियाँ 

सब मित्रों को पता होती हैं

और वो लोगों को बताने से 

खुद को रोक नहीं पाते हैं


अच्छा ही है

हम क्यूं एक आयामी बन कर रहे


हमारे कई पहलू हैं

उनसे सबको परिचित होना चाहिए


राहुल उपाध्याय ।  27 अप्रैल 2026 । सिएटल



Sunday, April 26, 2026

इतवारी पहेली: 2026/04/26

इतवारी पहेली:


प्रॉब्लम मेजर हो # ## 

हल कर देती है ### 

(पहली पंक्ति का दूसरा शब्द अंग्रेज़ी का है)


इन दोनों पंक्तियों के अंतिम शब्द सुनने में एक जैसे ही लगते हैं। लेकिन जोड़-तोड़ कर लिखने में अर्थ बदल जाते हैं। हर # एक अक्षर है। हर % आधा अक्षर। हर ^ अक्षर के ऊपर वाली बिंदी है या चंद्रबिंदु। जैसे कि मंगल —> #^## या चाँद—> #^#)


जैसे कि:


हे हनुमान, राम, जानकी

रक्षा करो मेरी जान की


ऐसे कई और उदाहरण/पहेलियाँ हैं। जिन्हें आप यहाँ देख सकते हैं। 


Https://tinyurl.com/RahulPaheliya


आज की पहेली का हल आप मुझे भेज सकते हैं। या यहाँ लिख सकते हैं। 

सही उत्तर न आने पर मैं अगले रविवार - 3 मई 2026 को - उत्तर बता दूँगा। 


राहुल उपाध्याय । 26 अप्रैल 2026 । सिएटल 


Re: इतवारी पहेली: 2026/4/19

Uploaded Image


On Sun, Apr 19, 2026 at 2:48 AM Rahul Upadhyaya <kavishavi@gmail.com> wrote:

इतवारी पहेली:


जब भरत लौट रहे थे अयोध्या सर पर ### ##

सारे रास्ते कोई था खड़ा इधर, कोई था ## ###


इन दोनों पंक्तियों के अंतिम शब्द सुनने में एक जैसे ही लगते हैं। लेकिन जोड़-तोड़ कर लिखने में अर्थ बदल जाते हैं। हर # एक अक्षर है। हर % आधा अक्षर। हर ^ अक्षर के ऊपर वाली बिंदी है या चंद्रबिंदु। जैसे कि मंगल —> #^## या चाँद—> #^#)


जैसे कि:


हे हनुमान, राम, जानकी

रक्षा करो मेरी जान की


ऐसे कई और उदाहरण/पहेलियाँ हैं। जिन्हें आप यहाँ देख सकते हैं। 


Https://tinyurl.com/RahulPaheliya


आज की पहेली का हल आप मुझे भेज सकते हैं। या यहाँ लिख सकते हैं। 

सही उत्तर न आने पर मैं अगले रविवार - 26 अप्रैल 2026 को - उत्तर बता दूँगा। 


राहुल उपाध्याय । 19 अप्रैल 2026 । सिएटल 


Friday, April 24, 2026

पूर्वाग्रह

मेरा अपना 

सांप का 

कोई अनुभव नहीं है


मैं पूर्वाग्रह से ग्रस्त हूँ 

और सकुशल हूँ


राहुल उपाध्याय । 24 अप्रैल 2026 । विलमिंगटन, डेलावेयर

Monday, April 20, 2026

हैं रंगीन सभी


हैं रंगीन सभी, कोई रंगहीन नहीं

नवजात शिशु होता गमगीन नहीं


भूख-प्यास लगे शिशु रोता है

किंतु होता वो गमगीन नहीं 


ये प्यार-वफा, शिकवा-शिकवे

हैं बेबुनियाद, कोई जमीन नहीं 


अभ्यास करो, अरदास नहीं

अरदास से चलती मशीन नहीं


हो पेरिस, लंदन, या सैलाना

कौन सी जगह जो हसीन नहीं


राहुल उपाध्याय । 20 अप्रैल 2026 । सिएटल 











Saturday, April 18, 2026

इतवारी पहेली: 2026/4/19

इतवारी पहेली:


जब भरत लौट रहे थे अयोध्या सर पर ### ##

सारे रास्ते कोई था खड़ा इधर, कोई था ## ###


इन दोनों पंक्तियों के अंतिम शब्द सुनने में एक जैसे ही लगते हैं। लेकिन जोड़-तोड़ कर लिखने में अर्थ बदल जाते हैं। हर # एक अक्षर है। हर % आधा अक्षर। हर ^ अक्षर के ऊपर वाली बिंदी है या चंद्रबिंदु। जैसे कि मंगल —> #^## या चाँद—> #^#)


जैसे कि:


हे हनुमान, राम, जानकी

रक्षा करो मेरी जान की


ऐसे कई और उदाहरण/पहेलियाँ हैं। जिन्हें आप यहाँ देख सकते हैं। 


Https://tinyurl.com/RahulPaheliya


आज की पहेली का हल आप मुझे भेज सकते हैं। या यहाँ लिख सकते हैं। 

सही उत्तर न आने पर मैं अगले रविवार - 26 अप्रैल 2026 को - उत्तर बता दूँगा। 


राहुल उपाध्याय । 19 अप्रैल 2026 । सिएटल